Current time: 06-09-2018, 05:18 PM Hello There, Guest! (LoginRegister)


Post Thread Post Reply
Thread Rating:
  • 0 Votes - 0 Average
  • 1
  • 2
  • 3
  • 4
  • 5
घर की कहानी
11-28-2012, 07:18 PM
Post: #1
घर की कहानी
मुम्बई के बडे शहर मेँ दीप्ति अपने पति गोपाल और एकमात्र 19 साल का बेटा अजय के साथ रहती थी । बडा खुशहाल परिवार था उसका । गोपाल का छोटा भाई कुमार अपनी पत्नी के साथ बाहर रहता था । एक दिन शोभा और कुमार अपने बडे भाई गोपाल और दीप्ति के घर पर आये हुये थे । उस वक्त सब लोग एक हत्या की कहानी पर आधारित जो इस फिल्म देख रहे थे । आम मसाला फिल्म की तरह इस फिल्म में भी कुछ कामुक दृश्य थें । एक आवेशपूर्ण और गहन प्यार दृश्य आते ही अजय कमरें को छोड़ कर जा चुका था । गोपाल और दीप्ति दृश्य के आते ही और लड़के के कमरा छोड़ने के कारण जम से गये थे ।

घर के ऊपर और सब सोने के कमरें थे और और शाम को जब से ये लोग आये थे, कोई भी ऊपर नहीं गया था । नौकर सामान लेकर आया था और गोपाल, कुमार शराब के पैग बना रहे थे । महिलायें भी इस वक्त उनके साथ बैठ कर पी रही थी । हालांकि परिवार को पूरी तरह से माता पिता की रूढ़िवादी चौकस निगाहों के अधीन रखा गया था । बड़ों के आसपास होने पर महिलायें सिंदूर, मंगलसूत्र और साड़ी परंपरागत तरीके से पहनती थी । कुमार के बड़े भाई होने के नाते, शोभा के लिए, गोपाल भी बङे थे और वह अपने सिर को उनकी उपस्थिति में ढक कर रखती थी । लेकिन चूंकि, दोनों कुमार और गोपाल बड़े शहरों में और बड़ी कंपनियों में काम करने वाले है, सो उनके अपने घरों में जीवन शैली जो बड़े पैमाने पर उदार है । शोभा और दीप्ति दोनो हो बङे शहरों से थी अतः उनके विचार काफी उन्मुक्त थे । लेकिन ये सब के चलते एक बहुत बडा राज छुपा हुआ था उस घर मेँ जो सिर्फ गोपाल और शोभा को ही मालुम था । दोनों महिलायें हमेशा नये फैशन के कपङे पहन कर ही यात्रा करती थी, खासकर जब घर के माता पिता साथ नहीं होते थे । हालांकि, दोनों की उम्र में दस साल का अंतर है, दीप्ति अपनी वरिष्ठता का उपयोग करते हुए घर में नये फैशन की सहमति बनाती थी । इस प्रकार, बिना आस्तीन के ब्लाउज, पुश ब्रा, खुली पीठ के ब्लाउज और मेकअप का उपयोग होता था ।

हालांकि, यह स्वतंत्रता केवल छुट्टीयां व्यतीत करते समय के लिये ही दी गई है । सामान्य दिनचर्या में ऐसी चीजों के लिये कोई जगह नहीं थी । वे अक्सर सेक्स जीवन की बातें आपस में बाटती थीं और यहाँ से भी दोनों में काफी समानतायें थीं । दोनों ही पुरुष बहुत प्रयोगवादी नहीं थें और सेक्स एक दिनचर्या ही था । लेकिन अगली पीढ़ी का अजय बहुत अलग था । वह एक और अधिक उदार माहौल में, भारत के बड़े शहरों में बङा हुआ था । लड़का बड़ा हो गया था और बहुत जल्द ही अब एक पुरुष होने वाला था । ये बात भी शोभा ने इस बार नोट की थी । फिल्म में प्रेम दृश्य आने पर वह कमरा छोड़कर गया था इसी से स्पष्ट था उसें काफी कुछ मालूम था । बचपन में गर्मीयों की छुट्टी अजय शोभा के यहां ही बिताता था । एक छोटे लड़के के रूप में शोभा उसको स्नान भी कराती थी । कई बार कुमार की कामोद्दीपक उपन्यास गायब हो जाते थे वह खोजने पर वह उनको अजय के कमरे में पाती थी । इस बारे में सोच कर ही वह कभी कभी उत्तेजित हो जाती थी पर अजय के एक सामान्य स्वस्थ लड़का होने के कारण वह इस बारे में चुप रही । अजय के कमरा छोडने के फौरन बाद, गोपाल और कुमार भी थकने का बहाना बना कर जा रहे थे ।

शोभा को कोई संदेह ना था कि ये क्या हो सकता है । दीप्ति से उसकी नजरें एक बार मिली थी । पर दीप्ति अपनी चेहरे पर एक शरारती मुस्कराहट भरी और सीढ़ियों पर चल दी । शराब का नशा होने के बाद भी फिल्म का असर शोभा पर काफी अच्छा रहा था । फिल्म के उस प्रेम दृश्य में आदमी उस औरत को जानवरों की तरह चौपाया बना कर चोद रहा था । अपने कॉलेज के दिनों में शोभा ने इस सब के बारें में के बारे में अश्लील साहित्य में पढ़ा था और कुछ अश्लील फिल्मों में देखा भी था लेकिन अपने पति के साथ कभी इस का अनुभव नहीं किया । इस विषय की चर्चा अपने पति से करना उसके लिये बहुत सहज नहीं था । उनके लिए सेक्स शरीर की एक जरूरी गतिविधि थी । शोभा ने अपने आप को चारों ओर से उसके पल्लू से लपेट लिया । इन मादक द्रुश्य के प्रभाव से उसे एक कंपकंपी महसूस हो रही थी । इस वक्त वह सोच रही थी कि कुमार अब कहां हैं? शोभा को नींद आ रही थी और उसने ऊपर जाकर सोने का निर्णय लिया ।

ऊपर जाते ही न जाने कहाँ से जेठानी आ गयी, "सो, कैसा चल रहा है सब कुछ", शोभा ने पूछा । "क्या कैसा चल रहा है?" दीप्ति ने शंकित स्वर में पूछा । "वहीं सबकुछ, आपके और भाई साहब के बीच में.." शोभा ने दीप्ति को कुहनी मारते हुये कहा । दोनों के बीच सालों से चलता आ रहा था इस तरह का मजाक और छेड़खानी । "आह, वो", दीप्ति ने दिमाग को झटका सा दिया । "दीदी, क्या हुआ?" शोभा के स्वर ने दीप्ति के विचारों को तोड़ा । "नहीं, कुछ नहीं । आओ, हॉल में बैठ कर बातें करते हैं" । साड़ी के पल्लू से अपने हाथ पोंछती हुई दीप्ति बाहर हॉल की तरफ़ बढ़ गई । हॉल में इस समय कोई नहीं था । दोनों मर्द अपने अपने कमरों मे सोने चले गये थे और अजय का कहीं अता पता नहीं था । दीप्ति सोफ़े पर पसर गई और शोभा उसके बगल में आकर जमीन पर ही बैठ गयी ।

"आपने जवाब नहीं दिया दीदी ।"
"क्या जवाब?" दीप्ति झुंझला गयी । ये औरत चुप नहीं रह सकती । शोभा के कन्धे पर दबाव बढ़ाते हुये दीप्ति ने कहा ।
"आपने मेरी बरसों से दबी हुई इच्छाओं को भड़का दिया है इस सिनेमा के बारे में सोचने भर से मेरी चूत में पानी भर रहा है ।" शोभा बोली । दीप्ति ने शोभा की ठोड़ी पकड़ कर उसका चेहरा ऊपर उठाया, बोली "उदास मत हो छोटी, आज मैँ हुं ना, आज जेठानी तेरी बुर से पानी निकालेगी । शोभा दीप्ति के शब्दों से दंग रह गयी,"क्या कह रही हो दीदी? ।"

और शोभा को हाथ पकड़ कर अपने पास खींचा और बाहों में भर लिया । शोभा के हाथ दीप्ति की पीठ पर मचल रहे थे । जेठानी के बदन से उठती आग वो महसूस कर सकती थी । उसके हाथ अब शोभा के स्तनों पर थे । अंगूठे से वो अपनी देवरानी के निप्पल को दबाने सहलाने लगी । अपनी बहन जैसी जेठानी से मिले इस सिग्नल के बाद तो शोभा के जिस्म में बिजलियां सी दौड़ने लगीं । दीप्ति भी अपने ब्लाऊज और साड़ी के बीच नन्गी पीठ पर शोभा के कांपते हाथों से सिहर उठी ।



Celebrities Nude, Oops, Upskirt, Nipslip, Topless
Bollywood NipSlip, Nip Poke, Upskirt
Visit this user's website Find all posts by this user
Quote this message in a reply
11-28-2012, 07:18 PM
Post: #2
RE: घर की कहानी
अपने चेहरे को शोभा के चेहरे से सटाते हुये दीप्ति ने दूसरा हाथ भी शोभा के दूसरे स्तन पर जमा दिया । दोनों पन्जों ने शोभा के यौवन कपोतों को मसलना शुरु कर दिया । शोभा के स्तन आकार में दीप्ति के स्तनों से कहीं बड़े और भारी थे । शोभा ने पीछे हटते हुये दीप्ति और अपने बीच में थोड़ी जगह बना ली ताकि दीप्ति आराम से उसके दुखते हुये मुम्मों को सहला सके । उसका चेहरा दीप्ति के गालों से रगड़ रहा था और होंठ थरथरा रहे थे । शोभा की गर्म सांसे दीप्ति के चेहरे पर पड़ रहीं थीं । दोनों के होंठ एक दूसरे की और लपके और अगले ही पल दोनों औरतें प्रेमी युगल की भांति एक दूसरे को किस कर रही थीं । दोनों की अनुभवी जीभ एक दूसरे के मुहं में समाई हुई थी । "तुम्हारे मुम्मे तो मेरे मुम्मों से भी कहीं ज्यादा भरे हुये है, जी भर के चूसा होगा इनको देवर जी ने" दीप्ति ने अपनी स्तनों को ब्लाऊज के ऊपर से ही दबाते हुये बोली । शोभा दीप्ति के मन की बात समझ गई और तुरन्त ही जेठानी की ब्लाऊज के सारे बटन खोल कर पीछे पीठ पर ब्रा के हुक भी खोल दिये दीप्ति के भारी भारी चूचें अपनी जामुन जैसे बड़े निप्पलों के साथ बाहर को उछल पड़े । शोभा जीवन में पहली बार किसी दुसरी औरत के स्तनों को देख रही थी । कितने मोटे और रसीले है ये । दीप्ति ने दोनों हाथों में उठा कर अपने चूंचे शोभा की तरफ़ बढ़ाये । शोभा झुकी और तनी हुई निप्पलों पर चुम्बनों की बारिश सी कर दी । "ओह, शोभाआआआ" दीप्ति आनन्द से सीत्कारी । शोभा ने एक निप्पल अपने मुहं मे ही दबा लिया । उसकी जीभ जेठानी की तनी हुई घुंडी पर वैसे ही नाच रही थी जैसे वो रोज रात पति की गुलाबी सुपाड़े पर फ़ुदकती थी । पहली बार एक औरत के साथ । नया ही अनुभव था ये तो । दीप्ति खुद एक स्त्री होने के नाते वो ये जानती थी की शोभा क्या चाहती है । शोभा के बदन में भी अलग ही आकर्षण था । उसके शरीर में भी वही जोश और उत्तेजना थी । ये सोचते सोचते ही दीप्ति ने भी शोभा के निप्पल को चबाने लगी ।

"आऊच...आह्ह्ह" शोभा के मुहं से दबी हुई चीख भी निकली । दीप्ति अब उस बिचारे निप्पल पर अपने दातों का प्रयोग कर रही थी । शोभा अपना दूसरा स्तन हाथ में भर लिया । दीप्ति ने शोभा का थूक से सना निप्पल छोड़ दिया और फ़िर से शोभा के निप्पल को मुहं में भर लिया और पहले से भी ज्यादा तीव्रता से चुसाई में जुट गयी मानो निप्पल नहीं लंड हो जो थोड़ी देर में ही अपना पानी छोड़ देगा ।
"आआआह्ह्ह्ह्ह्ह॥ दीदी, प्लीज जोर से चूसो, हां हां", शोभा दीप्ति को उकसाते हुये चीखी । उसकी चूत में तो बिजली का करंट सा दौड़ रहा था । "यहां, देखो यहां घुसती है मर्द की जुबान", शोभा ने फ़ुर्ती के साथ दीप्ति कि साड़ी और पेटीकोट ऊपर कर पैन्टी की कसी हुई इलास्टिक में हाथ घुसेड़ दिया । पैन्टी को खींच कर उतारने का प्रयास किया तो शोभा की हाथ में कोई बडे मांस पिंड जैसा चीज लगी । उसने उपर जेठानी की तरफ देखा, दीप्ति मुस्करा रही थी । तभी दीप्ति ने खुद ही साड़ी और पेटिकोट को कमर पर इकट्ठा कर उन्गली फ़सा अपनी पैन्टी नीचे जांघों तक सरका दी, शोभा की आँखेँ एकदम खुले के खुले रह गए । पहली बार शोभा को इतना बडा सदमा लगा । दीप्ति के पैन्टी निचे सरकते ही एक 8 इंच का लम्बा और मोटा लंड बाहर निकल आया, साथ मेँ बडे-बडे अंडे जैसे अंडकोष । दीप्ति के लंड घने काले झाँटोँ से भरे थे । क्या मनमोहक द्रुश्य था शोभा के सामने । उसकी सगी बहन जैसी जेठानी पूरी तरह से औरत नहीँ थी । स्त्री के शरीर मेँ पुरुषांग । स्त्री और पुरुष के अद्भुतपूर्व मिश्रण थे दीप्ति की बदन मेँ । और दीप्ति के लंड के तो क्या कहने! 8 इंच लम्बा और 4 इंच मोटा था दीप्ति की लंड । इतना बडा लंड जिन्दगी मेँ पहली बार देख रही थी शोभा । अपनी पति कुमार का तो अपनी भाभी के लंड का आधा ही होगा । शोभा बडे प्यार से जेठानी की लंड को मुठ्ठी मेँ भर कर बडे-बडे अंडकोष पर जिभ फिराते हुए उपर दीप्ति की मुखडे को देखने लगी । दीप्ति की चेहरे पर मुस्कराहट था ।"ये क्या है दीदी ? और अजजययय.....कैसा....?" शोभा लंड को चाटती हुई पुछी । "ये बहुत लम्बी कहानी है किसी दिन बैठ के बताउंगी ।"

दीप्ति बोली ।"फिर भी कुछ तो बताईये, दीदी । "शोभा ने जिद पे उतर आई ।"बस इतना समझ लो कि मेरी ख्वाईशेँ, मेरी तमन्ना पूरी हुई है । पिछले पांच साल हो गए मेरी इस बदलाव को ।" "मतलब मेरी प्यारी जेठानी पांच सालोँ से साडी के निचे लंड लिए इसी घर मेँ घुम फिर रही हैँ ?" शोभा आश्चर्य होकर पुछी ।"हां छोटी, मैँ पिछले पांच सालोँ से लंड लिए अपनी पति और बेटे के साथ जिंदगी गुजार रही हुं । तुम्हारे जेठ जी को ये मालुम है और खुशी-खुशी मुझे स्वीकारा है और अब मैँ इस बदलाव यानि की मेरी लंड का भरपुर मजा उठाना चाहती हुं ।" दीप्ति ने बात पूरी की ।"पर दिदी, क्या अजय को ये मालुम है कि उसकी प्यारी माँ की मर्द के जैसा लंड है, उसकी माँ बाकी महिलाओँ से अलग है ? ""नहीँ, यही डर मुझे हमेशा लगी रहती है! कि कब उसे ये बात पता लग जाएगा ।" दीप्ति ने शंका जाहिर करते हुए कहा ।"नहीँ दीदी, कुछ नहीँ होगा मैँ उसे मना लुंगी बस अब के सोचिए दीदी आपकी ये विशाल लंड देख कर मुझसे और रहा नहीँ जाता ।" कहती हुई शोभा ने जेठानी की तने लंड को मुठ्ठी मेँ भर ली ।

इधर दीप्ति ने फ़िर से शोभा के स्तनों को जकड़ा उधर शोभा भी पूरी तैयारी में थी । दीप्ति की समझ में तो कुछ भी नहीं आ रहा था और शोभा अपने जिस्म में उमड़ती उत्तेजना से नशे में झूम रही थी ।

शोभा के कपडे पूरी तरह से अस्त व्यस्त थे । शोभा उसकी दोनों टांगों के बीच में बैठी हुई थी । उसकी साड़ी का पल्लू बिस्तर पर बिछा हुआ था । लो कट के ब्लाउज से विशाल स्तनों के बीच की दरार साफ दिख रही थी । आखिरकार शोभा ने खुद ही कमरे में प्रवेश किया था और अब वो जेठानी की लंड को मुँह में लेकर चूस रही थी । दीप्ति ने वापस अपना हाथ शोभा के सिर पर रख कर उसकी मुंह में लंड घुसेडने का प्रयास कर रही थी । इस जोर जबरदस्ती में दीप्ति की फुंफकार मारता लंड शोभा के सिर, बालों और सिन्दूर से रगड खा के रह गया । अपना लक्ष्य चूक जाने से दीप्ति का लंड और भी तन गया और उसके मुंह से एक आह सी निकली । शोभा ने नीचे झुककर देखा तो ब्लाउज का लो कट गला, दो भारी स्तनों और उनके बीच की दरार का शानदार दृश्य दीप्ति को दिखा रहा था । शोभा का मंगलसूत्र इस वक्त उसके गले से लटका हुआ दो बङी बङी गेंदों के बीच में झूल रहा था । शोभा ने तुरन्त ही अपनी शादी की इस निशानी को वापिस से ब्लाउज में डाला और वहीं पास पडे साड़ी के पल्लू से खुद को ढकने की कोशिश की । तब तक दीप्ति दोनों हाथों से शोभा के उरोजों को बेदर्दी से मसल दिया ।

Celebrities Nude, Oops, Upskirt, Nipslip, Topless
Bollywood NipSlip, Nip Poke, Upskirt
Visit this user's website Find all posts by this user
Quote this message in a reply
11-28-2012, 07:18 PM
Post: #3
RE: घर की कहानी
दीप्ति ने धक्का दे कर शोभा को हटाया और खुद बिस्तर के बगल में खङी हो गईं । दीप्ति की उत्तेजना स्वभाविक थी । भारी साँसों के कारण ऊपर नीचे होते उनके स्तन, गोरे चेहरे और बिखरे हुए बाल, मांग में भरा हुआ सिंदूर और पारंपरिक भारतीय पहनावा उनके इस रूप को और भी गरिमामय तरीके से उत्तेजक बना रहा था, उसने अपनी पेटीकोट को कमर के ऊपर सरका राखी थी और दीप्ति की मांसल जांघोँ के मध्य सबसे विशालकाय लंड हवा में लहरा रहा था ।

दीप्ति का किसी भी औरत के साथ ये पहला अनुभव था । कांपते हुए हाथों से उसने शोभा के स्तनों को एक साइड से छुआ और शोभा के मुहं से एक सीत्कार सी निकल गयी । शोभा ने भी अपनी जेठानी के गुब्बारे कि तरह फूले हुये उन स्तनों को बिना कुछ सही या गलत सोचे पूरी तन्मयता से मसल रही थी । अब तक भी दीप्ति गरम होने लग गयी थीं । दीप्ती ने दोनों हाथों से शोभा के चेहरे को पकड कर अपने उरोजों के पास खींचा । उत्तेजना के मारे बिचारी दीप्ति की हालत खराब हो रही थी ।

शोभा ने अब खुद ही अपना ब्लाउज खोलना शुरु कर दिया । दीप्ति ने भी आगे बढते हुये शोभा के तने हुये चूचों के ऊपर चुम्बनों की बारिश सी कर दी । दीप्ति ने जेठानी के सिर को अपने दोनों स्तनों के बीच में दबोच लिया । इस समय दीप्ति अपना एक घुटना बिस्तर पर टेककर और दूसरे पैर फर्श पर रख कर खडी हुई थीं । दीप्ति ब्रा के ऊपर से ही होंठों से शोभा के स्तनों पर मालिश कर रही थी । शोभा ने उसके गालों को प्यार से चूम लिया । परन्तु अब अपने शरीर पर जेठानी के गर्म होंठ उसको एक मानसिक शान्ति दे रहे । दीप्ति ने शोभा के दोनों विशाल गुम्बदों पर अपने होंठ रगडते हुये एक हाथ से उसकी पीठ और गर्दन सहलाना जारी रखा । इधर शोभा ने जैसे ही दीप्ति की कमर और फिर उसके नीचे एकदम उभरे हुए मांसल नितंबों का स्पर्श किया, जेठानी के फूले हुये लंड का विशाल सुपाङा उसके पेट से जा लगा । दीप्ति के मुहं से एक सिसकारी छूट गयी ।

दीप्ति तो जैसे उत्तेजना के मारे कांप ही गयी । शोभा ने जेठानी की साङी को खीन्च कर उनके बदन से अलग कर दिया और अपना चेहरा शोभा के पेटीकोट की दरार में घुसेङ दिया । सामान्यतः हिन्दुस्तानी औरतें जब पेटिकोट पहनती हैं तो जहां पेटीकोट के नाङे में गाँठ लगाई जाती है वहां पर एक छोटी से दरार रह जाती है और औरतों के अन्दरुनी अंगों का शानदार नजारा कराती है । दोस्तों, आप लोगो ने भी कई बार औरतों को कपङे बदलते देखा होगा और इस सब से भलीभांति परिचित होंगे । जेठानी की पेटीकोट अब उसके रास्ते का रोङा बन रहा था । दीप्ति कराही, उधर शोभा ने दीप्ति की पेटीकोट को कमर तक उठा दिया । दीप्ती ने अपनी एक हाथ से पेटीकोट को कमर में पकडे रखा और दूसरी हाथ से पेन्टी को निचे सरका दी । शोभा ने आगे बढते हुये अपनी उन्गलियों को जेठानी की विशाल नितंबों पर फिरने लगी । शोभा के होठों ने तुरन्त ही जेठानी की मख्मली जांघों के बीच में अपनी जगह बना ली । जानवरों की तरह दीप्ति की गदराई जांघों को चाट रहा था वो । दोनों टागें फ़ैला कर दीप्ति खुद ही बिस्तर पर लेट चुकी थीं । उसका अब अपने दिलोदिमाग पर कोई काबू नहीं रह गया था । शोभा के हाथ अब दीप्ति की रेशमी पैन्टी से जूझ रहे थे ।

Celebrities Nude, Oops, Upskirt, Nipslip, Topless
Bollywood NipSlip, Nip Poke, Upskirt
Visit this user's website Find all posts by this user
Quote this message in a reply
11-28-2012, 07:19 PM
Post: #4
RE: घर की कहानी
शोभा का पूरा बदन थरथराया और दीप्ति के मुहं से भी आह सी निकली "शोभा, देखो मेरा लंड कितना बड़ा हो गया है तेरी बुर देख कर ।" शोभा का दहिना हाथ खुद बा खुद जेठानी की उस विशालकाय लंड के चारों तरफ़ लिपट गई । दीप्ति ने एक बार शोभा की नाभि के पास चूमी और करवट बदलते हुये खुद शोभा के अधनन्गे बदन के पास जाकर लेट गई । शोभा ने दुबारा से जेठानी के सख्त लंड को अपनी मुठ्ठी में भर लिया । उत्तेजना मारे दीप्ति उसके ऊपर चढ़ चुकी थी ।

शोभा ने सोफ़े पर लेट गयी और दीप्ति ने भी उसकी टांगों के बीच में जगह बनाते हुये उंगलियों से पैन्टी को सरका कर उतार दिया । काफ़ी मादक दृश्य था । दो सैक्सी औरतें, एक सोफ़े पर साड़ी और पेटीकोट उठाये बैठी है और दूसरी उसकी टांगों के बीच में ब्लाऊज खोले बैठी मुहं को गदराई जांघों के बीच में दबाये तड़प रही है । दीप्ति ने शोभा की चूत के पास अपने होंठ रख दिये । शोभा के अन्दरूनी अंगों पर बहता पानी दीप्ति के भी गालों पर चुपड़ गया । इतना करने के बाद दीप्ति शोभा के गले से लिपट कर अपने स्तनों पर चुभते शोभा के मन्गलसूत्र को एक तरफ़ हटाते हुये कहा " तुने किसी ब्लू फ़िल्म देखी है? ""हाँ दीदी, देखा तो मैनें भी है । लेकिन उसके बाद क्या होता है मुझे कुछ पता नहीं । तुम्हारे देवर साहब अपनी उन्गलियां तो चलाते थे मेरी चूत पर और मुझे काफ़ी मजा भी आता था लेकिन लंड से चुदाई तो अलग ही चीज़ है । उनके लंड से चुदने के बाद से तो मुझे इन तरीकों का कभी ध्यान भी नहीं आया ।" शोभा बोली ।

दीप्ति ने दुबारा से घुटने जमीन पर टिकाते हुये अपनी जीभ देवरानी की टांगों के जोड़ के पास घुसा दी । खुद की बदन में लगी आग के कारण उसे मालूम था की शोभा को अब क्या चाहिये । पहले तो दीप्ति ने जीभ को शोभा की मोटी मोटी जांघों पर नचाया फ़िर थूक से गीली हुई घुंघराली झांटों को एक तरफ़ करते हुये शोभा की रिसती बुर को पूरी लम्बाई में एक साथ चाटा । "उई मां...छोटीईईईईई", शोभा ने गहरी सिसकी भरी । "क्या हुआ शोभा?" भोली बनते हुये दीप्ति ने पूछा जैसे कुछ जानती ही ना हो । "आपकी जीभ.." शोभा का पूरा बदन कांप रहा था । उसकी गांड अपने आप ही दीप्ति के चेहरे पर ठीक वैसे ही झटके देने लगी जैसे लंड चुसाई के वक्त कुमार अपनी कमर हिलाकर उसका मुहं चोदता था । दीप्ति ने महसूस किया की शोभा की चूत ने खुल कर उसकी जीभ के लिये ज्यादा जगह बना ली थी । शोभा ने अपनी टांगें चौड़ा कर दी ताकि जेठानी की जुबान ज्यादा से ज्यादा गहराई तक पहुंच सके । हालांकि चूत चाटने में दीप्ति को कोई अनुभव नहीं था पर उसे पता था कि देवरानी को सबसे ज्यादा मजा कहाँ आएगा ।

दीप्ति ने जीभ को सिकोड़ कर थोड़ा नुकीला बनाय़ा और शोभा की चूत के ऊपरी हिस्से पर आहिस्ते से फ़िराया । शोभा के मुहं से घुटी हुई सी चीख निकली और उंगलियां दीप्ति के सिर पर जकड़ गयीं । दुबारा दीप्ति ने फ़िर से जीभ को उसी चिकने रास्ते पर फ़िराया तो वही हाल । शोभा फ़िर से होंठ दबा कर चीखी । अनजाने में ही सही दीप्ति का निशाना सही बैठ गया था । शोभा की अनछुयी क्लिट सर उठाने लगी । दीप्ति भी पूरे मनोयोग से शोभा के चोचले को चाटने चूसने लगी गई । इधर शोभा को चूत के साथ साथ अपने चूचों में भी दर्द महसूस होने लगा । बिचारे उसके स्तन अभी तक ब्रा और ब्लाउज की कैद में थे । शोभा ने दीप्ति के के सिर से हाथ हटा ब्लाऊज के सारे हुक खींच कर तोड़ डाले । हुक टूटने की आवाज सुनकर दीप्ति ने सिर उठाय़ा और छोटी सी रेशमी ब्रा में जकड़े शोभा के दोनों कबूतरों को निहारा । शोभा की ब्रा का हुक पीछे पीठ पर था पर दीप्ति इन्तजार नहीं कर सकती थी । दोनों हाथों से खींच कर उसने शोभा की ब्रा को ऊपर सरकाया और तुरन्त ही आजाद हुये दोनों चूचों को दबोच लिया । शोभा ने किसी तरह खुद पर काबू करते हुये जल्दी से अपन ब्लाऊज बदन से अलग किया और फ़िर हाथ पीछे ले जाकर बाधा बन रही उस कमबख्त ब्रा को भी खोल कर निकाल फ़ैंका । दो सैकण्ड पहले ही दीप्ति की जीभ ने शोभा की चूत का साथ छोड़ा था ताकि वो उसके स्तनों को थाम सके परन्तु अब शोभा को चैन नहीं था ।

Celebrities Nude, Oops, Upskirt, Nipslip, Topless
Bollywood NipSlip, Nip Poke, Upskirt
Visit this user's website Find all posts by this user
Quote this message in a reply
11-28-2012, 07:19 PM
Post: #5
RE: घर की कहानी
अपने चूचों पर दीप्ति के हाथ जहां उसे मस्त किये जा रहे थे वहीं चूत पर जेठानी की जीभ का सुकून वो छोड़ना नहीं चाहती थी । मन में सोचा कि जेठानी को भी ऐसे ही प्यार की जरुरत है पर इस वक्त वो अपने जिस्म के हाथों मजबूर हो स्वार्थी हो गयी थी । शोभा ने पास ही पड़े एक कुशन को उठा अपने चुतड़ों के नीचे व्यवस्थित किया । इस प्रकार उसकी टपकती चूत और ज्यादा खुल गय़ी । दीप्ति भी शोभा का इशारा समझ कर वापिस अपने मनपसन्द काम में जुट गई । कुशन उठाते वक्त शोभा को अहसास हुआ कि इस समय दोनों कहां और किस अवस्था में हैं । घर के हॉल में बीचों बीच दोनों महिलायें नंगे जिस्मों को लिये वासना और प्यार से भरी हुई एक दूसरे कि बाहों में समाई थीं । किसी भी क्षण घर का कोई भी पुरुष यहां आकर उन दोनों को रंगे हाथों पकड़ सकता था । परंतु जीवन में पहली बार किसी दूसरी औरत के साथ संभोग के लिये इतना खतरा लेना अनुचित नहीं था । शोभा की खुली चूत दीप्ति के मुहं में फ़ुदक रही थी और उसकी जीभ भी शोभा की चूत के अन्दर नई नई गहराईयां नापने के साथ हर बार एक नई सनसनी पैदा कर रही थी । किसी मर्द के या कहे कुमार के लंड से चुदते वक्त भी सिर्फ़ चूत की दीवारें ही रगड़ती थी ।

लेकिन दीप्ति की जीभ तो अन्दर कहीं गहरे में बच्चेदानी तक असर कर रही थी । पूरे शरीर में उठती आनन्ददायक पीड़ा ये सिद्ध करने के लिये काफ़ी थी कि किसी भी औरत के बदन को सिर्फ़ एक छोटे से बिन्दु से कैसे काबू में किया जा सकता है । कुछ ही क्षण में दीप्ति को अपनी जुबान पर शोभा की चूत का पानी महसूस हुआ । देखते ही देखते चूत में से झरना सा बह निकला । हे भगवान, इस औरत का पानी पीकर तो किसी प्यासे की प्यास बुझ जाये । दीप्ति को अपनी बदन में उठती तेज गरमी सता रहा था । परन्तु अभी देवरानी का पूरी तरह से तृप्त होना जरूरी था ताकि वो फ़िर उसके के साथ भी यही सब दोहरा सके । शायद शोभा को भी चूत में खालीपन महसूस हो रहा होगा । ऐसा सोच दीप्ति ने तुरन्त ही अपनी दो उन्गलियों को जोड़ कर उस तपती टपकती चूत में पैवस्त कर दिया । सही बात है भाई, एक औरत ही दूसरी औरत की जरुरत को समझ सकती है, शोभा दीप्ति के इस कारनामे से सांतवे आसमान पर पहुंच गई । उसके गले से घुटी घुटी आवाजें निकलने लगी और चूत ने दीप्ति की उन्गलियों को कसके जकड़ लिया । उधर दीप्ति के दिमाग में भी एक नई शरारत सूझी और उसने चूत के अन्दर एक उन्गली को हल्के से मोड़ लिया ।

अब कसी हुय़ चूत की दिवारों को इस उन्गली के नाखून से खुरचने लगी । हालांकि दीप्ति शोभा को और ज्यादा पीड़ा नहीं देना चाहती थी । कहीं ऐसा ना हो कि अत्यधिक आनन्द के मारे जोर से चीख पड़े और उनके पति जाग कर यहां आ जायें । शोभा भी होठों को दातों में दबाये ये सुख भरी तकलीफ़ सहन किये जा रही थी । अचानक से शोभा छूटी । सैक्स में इतने ऊंचे बिन्दु तक पहुंचने के बाद शोभा का शरीर उसके काबू में नहीं रह गया । रह रह कर नितम्ब अपने आप ही उछलने लगे मानो किसी काल्पनिक लंड को चोद रहे हो । दीप्ति पूरे यत्न से शोभा की चूत पर अपने मुहं की पकड़ बनाये रख रही थी । लेकिन शोभा कुछ क्षणों के लिये पागल हो चुकी थी । एक ही साथ हंसने और रोने लगी । "हां दीदी हां । यहीं बस यहीं...और चाट ना प्लीज । उई मां. . . मैं गईईईई..आई लव यू डार्लिंग.." दीप्ति के बदन पर हाथ फ़िराते हुये शोभा कुछ भी बक रही थी । एक साथ आये कई आर्गेज्मों का नतीजा था ये । "कभी कुमार भी मुझे इतना मजा नहीं दे पाया....आह आह.. बस.." शोभा ने दीप्ति को अपने ऊपर खींचा और उसका चेहरा अपने चेहरे के सामने किया । दीप्ति के गालों और होठों पर उसकी खुद की चूत का रस चुपड़ा हुआ था परन्तु इस सब से शोभा को कोई मतलब नहीं था ।

Celebrities Nude, Oops, Upskirt, Nipslip, Topless
Bollywood NipSlip, Nip Poke, Upskirt
Visit this user's website Find all posts by this user
Quote this message in a reply
11-28-2012, 07:19 PM
Post: #6
RE: घर की कहानी
ये वक्त शोभा को धन्यवाद देने का था । दीप्ति ने शोभा को जोर से भींचा और अपने होठों को उसके होठों पर रख दिया । शोभा भी अपनी जेठानी के पहलू में समा गई । दीप्ति के स्तन उसके भारी भरे हुये स्तनों के नीचे दबे पड़े गुदगुदी कर रहे थे । शोभा को सहलाते हुये दीप्ति पूछ बैठी, "क्या कुमार ने ये सब किया था?" शोभा ने ना में सिर हिलया । दोनों औरतों के बीच एक नया रिश्ता कायम हो चुका था । दीप्ति थोड़ा सा शरमाई और शोभा के पूरे बदन पर हाथ फ़िराते हुये सोचने लगी कि कहां से शुरु करे । पता नहीं, लेकिन दीप्ति उसे वो सब देना चाहती थी जो एक मर्द एक औरत के बदन में ढूंढता है । शोभा के हाथों ने दीप्ति की सारी को पकड़ कर उसकी कमर पर इकट्ठा कर दिया । दोनों हाथों से दीप्ति की खुली हुई विशाल गांड सहलाते हुये सोच रही थी कि अब उसे भी जेठानी की लंड चाटनी होगी ।

शोभा ने दीप्ति को अपने ऊपर से हटने का इशारा दिया । दीप्ति अचंभित सी जब खड़ी हुई तो शोभा ने उसकी अधखुली साड़ी को खींच कर उसके शरीर से अलग कर दिया । उसके सामने खड़ी औरत के चूचें उत्तेजना के मारे पत्थर की तरह कठोर हो गये थे । दोनों निप्पल भी बिचारी तने रह कर दुख रहे होंगे । दीप्ति ने अपने बाल खोल दिये । उसका ये रुप क्या औरत क्या मर्द, सभी को पागल करने के लिये काफ़ी था । शोभा ने पेटीकोट के ऊपर से ही दोनों हथेलियों से जेठानी की चौडी गांड को दबोचा । थोङा उचक कर उसके होठों को अपने होठों की गिरफ़्त में ले लिया और अपनी जीभ को उसके मुहं मे अन्दर बाहर करने लगी । "लेट जाओ, मैं तुम्हारा बदला चुकाना चाहती हूँ. मैं भी तुम्हें जी भर के प्यार करना चाहती हूं." शोभा की इच्छा सुनकर दीप्ति टेबिल और सोफ़े के बीच में अपनी खुली हुई साड़ी को बिछा उसी पर लेट गय़ी । ""पता नहीं जितना तुम जानती हो उतना मैं कर पाऊंगी या नहीं लेकिन मुझे एक बार ट्राई करने दो" शोभा उसके ऊपर आती हुई बोली ।

पहले की भांति शोभा ने फ़िर से अपने स्तनों को दीप्ति के चेहरे के सामने नचाकर उसे सताना शुरु कर दिया । दीप्ति ने गर्दन उठा उसके स्तनों को होठों से छुने की असफ़ल कोशिश की तो शोभा खिलखिला कर हँस पड़ी । पीछे सरकते हुये शोभा अब दीप्ति की जांघों पर बैठ गय़ी और उसके पेटीकोट का नाड़ा खोल दिया । दोनों हाथों से पकड़ कर पहले पेटिकोट को पैंटी की इलास्टिक तक खींचा और फ़िर पैंटी को भी पेटीकोट के साथ ही उतारने लगी । दीप्ति ने तुरन्त ही कमर उठा कर दोनों वस्त्रों को अपने भारी नितम्बों से नीचे सरकाने में मदद की । पैन्टी लंड के पास पूरी गीली हो चुकी थी तो उतरते समय चप्प की आवाज के साथ सरकी । अब सिर्फ़ कन्धों पर झूलते खुले हुए ब्रा और ब्लाऊज के अलावा दीप्ति भी पूरी तरह नन्गी थी । शोभा ने प्यार से जेठानी की नाभी के नीचे काले घने बाल रहित मूषल लंड को निहारा जो करीब 8 इंच का था और निचे दो बडे अंडे जैसे अँडकोष । अपनी बहन जैसी जेठानी के सेक्सी औरती बदन पे ये पुरुषांग. . .जो एक लडके की माँ भी है, ये विचार मन मेँ आते ही शोभा के मुहं में ढेर सारी लार आने लगी । हाय राम ये कैसी औरत बनाई है? धीरे से शोभा ने दीप्ति की एक टांग को उठा कर टेबिल पर रख दिया और दूसरी को सोफ़े पर ।

Celebrities Nude, Oops, Upskirt, Nipslip, Topless
Bollywood NipSlip, Nip Poke, Upskirt
Visit this user's website Find all posts by this user
Quote this message in a reply
11-28-2012, 07:19 PM
Post: #7
RE: घर की कहानी
शोभा तो उन दो उठी हुई टांगों के बीच में घुस कर उस बिचारी लंड पर भूखी शेरनी की तरह टूट पड़ी । शोभा का अनुभव भले ही कम था परन्तु तीव्र इच्छाशक्ति के कारण अपनी प्यारी जेठानी की लंड को जी भर के चाट सहला रही थी । अब किसी को प्यार करने के लिये कोई कायदा कानून तो होता नहीं भाई और फ़िर ये तो खेल ही अवैध संबंधों का चल रहा था । शोभा के इस जोश भरे धावे को अपनी तने लंड पर सहना दीप्ति के लिये जरा मुश्किल हो रहा था । लेकिन शोभा जो जैसे जानवर हो गयी थी । बलपूर्वक दीप्ति को लिटाये रख कर क्या जांघ, क्या लंड, क्या अंडकोष, क्या गांड सब जगह अपनी बेरहमी के निशान छोड़ रही थी । "शोभा, जरा आराम से, प्लीज" । दीप्ति ने याचना की । पर शोभा के कान तो बन्द हो गये थे । मुहं से गुर्राहट का स्वर निकल रहा था और लपलपाती जीभ जेठानी की लाल सुपाडे पर फिरा रही थी । अपने दांतों का भी भरपूर इस्तेमाल कर रही थी लेटी पड़ी दीप्ति पर । पहले जेठानी की अन्दरुनी जांघ के चर्बीदार हिस्से को जी भर के खाया । फ़िर काले झाँटो से भरी लंड को मुठियाती हुई बडे-बडे अंडोँ को चाटने लगी । और तुरन्त ही घांव पर मरहम लगाने के उद्देश्य से अपनी मुंह मेँ दीप्ति का पूरा का पूरा अंडकोष मुंह में भर लिया ।

दीप्ति का दर्द और उत्तेजना के मारे बुरा हाल था । शोभा अगर ऐसे ही करती रही तो उसकी लंड अगले दो दिन तक किसी बुर चोदने के काबिल नहीं रहेगा । होंठों से थूक बहकर कान तक आ गया था । दीप्ति ने दोनों हाथों को ऊपर उठा, एक से टेबिल और दूसरे से सोफ़े का किनारा थाम लिया । उधर शोभा भी तरक्की पर थी । शोभा ने तो एक उन्गलि गांड के अन्दर डाली थी । शोभा ने एक साथ दो उन्गलियां दीप्ति की छेद घुसा दी तो उसकी मुहं से जोर से आह निकली । लेकिन शोभा ने इस सब की परवाह किये बगैर अपना दुसरी हाथ से जेठानी की विशाल लंड को ऊपर-निचे करना जारी रखा । दीप्ति का शरीर भी इस हस्त चुदाई की ताल के साथ ऊपर नीचे होने लगा । तभी शोभा को याद आया की कैसे उसने अजय की सुपाडा को चूसा था और फ़िर वो किस तरह से झड़ रहा था ।

शोभा के होठों ने उसकी उन्गलियों का साथ पकड़ा और लगे दीप्ति कि लंड के सुपाडे को सहलाने । थोड़ी ही देर में सुपाडी फुल कर लाल हो गया । हाथ से जेठानी की लंड चोदन जारी रख कर शोभा की जीभ उस लाल सुपाडी पर सरकी । दीप्ति के मुहं से चीख फ़ूट पड़ी "शोभा. . ईईईईईई, चुसो जोर से, मारो मेरी लंड.....", "माई गॉड, तुम सच में, सच में...ओह्ह्ह मां" । "क्या सच में? हां? क्या? क्या हूं मैं? बोलो?" शोभा ने दीप्ति के ऊपर चढ़ते हुये अपना रस से सना मुखड़ा जेठानी के चेहरे के सामने किया । हरेक क्या-क्या के साथ उसने जेठानी की लंड को कस के मुठ्ठी मेँ भर उपर-निचे कर रही थी । "रंडी हो तुम शोभा, रंडीईईई...", "ओह ईईई, और चूसो ना प्लीईईईज, मुझे तुम्हारी पूरी जीभ चाहिये अपनी सुपाडी पर ..." दीप्ति मस्ती में कराही । "और मेरी हथेली? ये नहीं चाहिये आपको?" एक झटके में अपना हाथ जेठानी की फुंकार मारती लंड में से खींच लिया ।

Celebrities Nude, Oops, Upskirt, Nipslip, Topless
Bollywood NipSlip, Nip Poke, Upskirt
Visit this user's website Find all posts by this user
Quote this message in a reply
11-28-2012, 07:19 PM
Post: #8
RE: घर की कहानी
दीप्ति ने हाथ बढ़ा शोभा की कलाई को थाम लिया। "नहीं शोभा ऐसा मत करो । मुझे सब कुछ चाहिये । सब कुछ जो तुम्हारे पास है । वासना और वास्तविकता के बीच फ़र्क करना बहुत जरुरी था । खुले हॉल मेँ किसी भी वक्त किसी के अन्दर आने का जोखिम तो था ही । पर देह की सुलगती प्यास में दोनों दीन दुनिया से बेखबर हो चुके थे । दीप्ति पूरी तरह से शोभा के ऊपर आ चुकी थीं । शोभा तो बस जैसे इसी मौके की तलाश में थी । तुरन्त ही उसके हाथों ने आगे बढ़कर जेठानी के विशाल थनों को दबोच लिया । एक चूचें की निप्पल को होठों मे दबा वो जेठानी की जवानी का रस पीने में मश्गूल हो गई तो दूसरी तरफ़ दीप्ति ने भी खुद को देवरनी के ऊपर ठीक से व्यवस्थित करती हुई अपनी विशाल हथौड़े जैसे लंड को शोभा की झांटेदार बुर की गुलाबी छेद मेँ दबाया । जैसे ही चूत की मुलायम पन्खुड़ियों ने दीप्ति के पौरुष को अन्दर समाया, दीप्ति हुंकारी "आह!. बहुत गरम है छोटी तेरी चूत, मैं झड़ जाऊंगी" । दीप्ति ने देवरानी की विशाल उभरी गांड को हथेली मेँ दबाने के साथ-साथ अपनी गांड को उछालती हुई अपनी पूरी लंड शोभा की रिसती चूत में अन्दर बाहर करने लगी । आह! आह! हाय! मां!" दीप्ति चीख पड़ी । शोभा समझ गयी कि जेठानी की इन आवाजों से कोई न कोई जाग जायेगा । चाची ने तुरन्त ही अपने रसीले होंठ दीप्ति के होठों पर रख दिये । "म्ममह" दीप्ति शोभा के मुंह मे कराह रही थी । "खट खट" अचानक ही किसी ने कमरे का दरवाजा खटखटाया "माँ, सब ठीक तो है ना?" अजय का स्वर सुनाई दिया । शायद उसे कुछ आवाजें सुनाय़ी दे गई थी और चिन्तावश वो मम्मी को देखने उसके कमरे के दरवाजे तक चला आया था । कमरे के अन्दर आना अजय ने दो महीने पहले ही छोड़ दिया था ।

"हां - बेटा, सब - ठीक - है" हर शब्द के बीच में विराम का कारण दीप्ति की उछलती गांड थी जो शोभा को रुकने ही नहीं दे रही थी और उसकी चुत मेँ अंदर बाहर कर रही थी । दीप्ति के दिमाग में हर सम्भावित खतरे की तस्वीर मौजूद थी पर वो तो अपनी लंड के हाथों लाचार थी । दो क्षण रुकने के बाद दीप्ति फ़िर से शोभा को चोदने मेँ लिप्त हो गयीं । पूरे हॉल मेँ फच...फच...की आवाज गुंज रहा था । दीप्ति अभी तक झड़ी नहीं थी । शोभा ने तो सोचा था कि औरत की लंड है जल्दी ही पानी निकाल देगा लेकिन दीप्ति तो पहले ही एक बार लंड का विर्य निकाल चुकी थी । पहली बार शोभा के हाथों से । अपनी चिकनी चूत के भीतर तक भरा हुआ जेठानी की 10 इंच का लंड अन्दर गहराईयों को अच्छे से नाप रहा था । दोनों ने ही कामासन में बिना कोई परिवर्तन किये एक दूसरे को चोदना बदस्तूर जारी रखा । फ़िर तीसरी बार दीप्ति को अपनी लंड में एक सैलाब उठता महसूस हुआ । दोनोँ के मुहं से घुटी घुटी आवाजें निकल रही थी । ये निषिद्ध सेक्स के आनन्द की परम सीमा थी । शोभा जिस जेठानी को वह बडी बहन माना है आज उस औरत ने अपनी लंड से उसे चोदी जा रही थी । और क्या पुरुष के बराबर थी उनकी जेठानी । अचानक हॉल का दरवाजा खुला । अजय दरवाजे की आड़ लेकर ही खड़ा हुआ था । "मम्मी, सबकुछ ठीक है ना, दीप्ति को फ़िर से आवाजें सुनायी दी थी ।" शायद अजय ने सब कुछ देखा लिया था । "कुछ नहीं बेटा". दीप्ति ने हांफती हुई आवाज लगाई । उसको तो सिर्फ़ अपनी देवरानी की पनीयाई चूत से मतलब थी । शोभा को बिस्तर पर पटक कर दीप्ति फिर उसके ऊपर आ गई । "रुको, दीदी" शोभा ने जेठानी को रोका । शोभा ने पैर के पास पड़ी अपनी पैन्टी को उठाकर पहले दीप्ति की लंड को पोंछा और फ़िर अपनी चूत से रिस रहे रस को भी साफ़ किया । काफ़ी देर हो गयी थी गीली चुदाई करते हुये । शोभा अब जेठानी की सुखे लंड को अपनी चूत में महसूस करना चाहती थी ।


Celebrities Nude, Oops, Upskirt, Nipslip, Topless
Bollywood NipSlip, Nip Poke, Upskirt
Visit this user's website Find all posts by this user
Quote this message in a reply
11-28-2012, 07:19 PM
Post: #9
RE: घर की कहानी
दुसरे ही क्षण दिप्ती ने एक ही झटके में अपना पूरा का पूरा लंड शोभा की चूत में घुसेड़ा तो वो जैसे चूत के सारे टान्के खोलता चला गया । दस इन्च लम्बे और चार इन्च मोटे लंड से और क्या उम्मीद की जा सकती है । उसे समझ में आ गया कि वास्तव में वो चिकना द्रव्य कितना जरूरी था, उसने आँखेँ बन्द कर ली । दिप्ती की लंड किसी मोटर पिस्टन की भांति शोभा कि चूत मेँ अंदर-बाहर हो रहा था । शोभा ने जेठानी को बाहोँ मेँ कस के भर लिया और दोनोँ पैर उसकी कमर मेँ लपेट लिया । दोनोँ के स्तन एक दुसरे से रगड खा रहे थे । पिछे ड्रेसिँ-टेबल पर एक बडा शीशा था । शोभा जब आँखेँ खोल सामने पडे शीशे मेँ नजर गडाई तो जेठानी की फैली हुई विशाल गांड साफ दिखाई पडा जो तेजी से हवा मेँ उछल रहा था । दीप्ति के भारी गांड के दरार के निचे बडी सी लंड उसकी बुर मेँ अंदर बाहर हो रहा था साथ मेँ दो बडे अंडे लहरा रहे थे । दीप्ति के हर धक्के के साथ ही शोभा की जान सी निकल रही थी । दिप्ती की तेजी और ताकत का मुकाबला नहीं था । नाखूनों को जेठानी के कन्धों पर गड़ा कर आखें बन्द कर ली । हर एक मिनट पर आते आर्गैसम से चूत में सैलाब सा आ गया था । कई बार जेठानी के स्तनोँ पर दांत गड़ाए । लेकिन इससे तो दीप्ति की उत्तेजना में और वृद्धि हो गई । चन्द वहशी ठेलों के पश्चात दिप्ती ने भी चरम शिखर को प्राप्त कर ली ।

"शोभा,शोभा..हां शोभा, मेरी पानी निकल रही है । मैं अपना वीर्य तुम्हारी बुर में ही खाली कर रही हूं. आह ।" कहती हुई दीप्ति एक बार जोर से अपनी भारी गांड हवा मेँ उछाली और शोभा की बुर मेँ जड तक लंड पेल दी । शुरुआती स्खलन तीव्र किन्तु छोटा था । लेकिन उसके बाद तो जैसे वीर्य की बाढ़ ही आ गयी । शोभा ने दिप्ती को अपने बदन से चिपका लिया । वीर्य की हर पिचकारी के बाद वो अपनी देवरानी के नितम्बों को निचोड़ती । कभी जेठानी की भारी गांड को मसलती कभी उसकी पीठ पर थपकी देती । दिप्ती का बदन अभी तक झटके ले रही थी उसने शोभा के दोनो स्तनों के बीच अपना सिर छुपा लिया । दोनों शांत हुये, इस समय अपने ही देवरानी की बुर चोदने के बाद दीप्ति के अंग अंग में एक मीठा सा दर्द हो रहा था, लेकिन अब वहां से जाना जरुरी था ।

शोभा को धकेल कर साइड से सुलाया और दीप्ति अपने कपड़े ढूढने लगीं । बिस्तर के पास पड़ा हुया अपना पेटीकोट उठा कर कमर तक चढ़ाया, साड़ी को इकठ्ठा कर के बदन के चारों तरफ़ शॉल की तरह लपेट लिया । ब्लाऊज को वैसे ही एक हाथ से साड़ी पकड़े और दुसरे से ब्रा, पैंटी और पेटीकोट का नाड़ा दबाये दीप्ति कमरे से बाहर निकल गईं । शोभा भी अपने कमरे मेँ चली गई । अपने कमरे का दरवाजा बन्द करते वक्त दीप्ति को अजय के कमरे के दरवाजे के धीरे से बन्द होने की आवाज सुनाई दी । दीप्ति के मन मेँ अजीब शंका जाग उठा, कहीँ उनका बेटा ये सब देख न लिया हो ! कहीँ उसकी भेद न देख लिया हो । लेकिन ये सब सोचने का समय कहां था । उसकी लंड तो शोभा की रसीली बुर की याद मेँ अब तक आधा तन कर ही था । आज की चुदाई ये साबित करने के लिये काफ़ी थी कि 40 की उमर में भी उसकी लंड की ताकत ढली नहीँ थी । दीप्ति ने सारे कपड़े दरवाजे के पास ही छोड़ दिये और पेटीकोट से अपनी जांघों और लंड को पोंछा और झट से नाईटी पहन कर गोपाल के साथ बिस्तर में घुस गयीं । गोपाल पूरी तरह से सो नहीं रहा था, बीवी के कमरे में आने की आहट पाकर वो जाग गया "कुछ सुना तुमने, दीप्ति". "कुमार और शोभा इस उमर में भी कितने जोश से एक दूसरे को चोद रहे थे ।" वो तो मैने सुना, काफ़ी देर हो गई ना उनको खत्म करके तो." दीप्ति ने धड़कते दिल से पूछा । कहीं शोभा और उसकी चुदाई का शोर उसके पति ने ना सुन लिया हो । अपनी और शोभा की जन्गली चुदाई ने दोनों को ही दीन दुनिया भूला दी थी । "कहां बहुत देर पहले? अभी दो मिनट पहले ही तो खत्म किया है । दो घन्टे से चल रही थी चुदाई ।

Celebrities Nude, Oops, Upskirt, Nipslip, Topless
Bollywood NipSlip, Nip Poke, Upskirt
Visit this user's website Find all posts by this user
Quote this message in a reply
11-28-2012, 07:20 PM
Post: #10
RE: घर की कहानी
कल दोनों शायद देर से ही उठेंगे । दीप्ति के तो होश ही गुम हो गये । वास्तव में उसके पति ने उन दोनोँ की चुदाई की आवाजें सुनी थी, किस्मत ही अच्छी है कि गोपाल उन आवाजों को शोभा और कुमार की मान बैठा था । तभी गोपाल का हाथ उसकी गांड पर आ गया । "बड़ी देर कर दी जानेमन, सो गयीं थीं क्या?" दीप्ति की नाईटी को ऊपर करते हुए कमर तक नंगा किया । "आज उस फ़िल्म में देखा, दीप्ति चाहकर भी गोपाल को रोक नहीं सकती थी । गोपाल ने दोनो हाथों से अपनी पत्नी की फ़ूली हूई गांड को दबोचा और एक ही झटके में अपना चार इंच का लंड उसकी गांड के छेद में पेल दिया । शायद उस फ़िल्म का ही असर है" ।

दीप्ति ने अपने मुरझे लंड को हाथ मेँ लेकर सहलाने लगी । गोपाल बिना रुके ताबड़ तोड़ धक्के लगाने लगा । दीप्ति भी फ़िर से उत्तेजित हो चली थीं । गोपाल ने अब गांड को छोड़ दीप्ति के ऊपर झुकते हुये उनके मुम्मे एक हाथ में भर लिये और दुसरे हाथ से अपनी पत्नी की लंड को मुठियाने लगा । दीप्ति की गांड को अपनी कमर से चिपका कर कुमार जोर जोर से मुठियाने लगा । "पता है, शोभा कितना चीख चिल्ला रही थी । शर्म और उत्तेजना की मिली जुली भावना ने दीप्ति के दिलोदिमाग को अपने काबू में कर लिया था । कुछ ही क्षणों में गोपाल के लंड ने उलटी कर दी.. दीप्ति की गांड में से सिकुड़ा हुआ लंड अपने आप बाहर निकल आया और व तुरन्त ही दूसरी तरफ़ करवट बदल कर सो गया । खैर, एक ही रात मेँ इतनी चोदाई के कारण दीप्ति का जिस्म थक कर चूर हो चुकी थी । लेकिन ये भी सच है कि आज जीवन में पहली बार उनको मालूम हुआ था कि चुदाई में तृप्ति किसे कहते हैं । दीप्ति ने करवट बदला और सोने की कोशिश करने लगी ।

Celebrities Nude, Oops, Upskirt, Nipslip, Topless
Bollywood NipSlip, Nip Poke, Upskirt
Visit this user's website Find all posts by this user
Quote this message in a reply
Post Thread Post Reply




Online porn video at mobile phone


chachi chinalkahloo kay sath sex storiesbehan ko sootay howay us ki gand maridani behr nudeshriya saran hottest pussy lips in whiteemily atack upskirtChuda ma ko latakti chut ko chata aur chodamartina hingis nudebhai main aap komassage kr doon chudai kahanimalinda messenger nakednikki sanderson assiliana decruz ki gaand maar lilinda kozlowski upskirttight and clean and jissme ghuse na xxx videosharon case toplessdawn olivieri nudedaniela denby-ashe nakedrachel nichols nip slipadrienne corri nudesonakshi gandMummy ne lun muh Mai liyaamanda de cadenet nakedsandwich ban kar chudwayadanica mckellar fakeschhoti larki se chher chhar bus me pornstories mota lund se chodai chut raatbar incastashley leggat sexnatasha richardson nudetorriewilsonnudeसातवें साल की खुजलीmaria kirilenko nudemariqueen maandig nakedmiranda kerr pantyhosekonkona sen nakedजेठ देवरानी की सेकसी कहानी लड़की को सेक्स या fuk के लिए कैसे तयार करेBete ko apne jal me fasa ker chudai kerwayixxx big mom lag upar hd videoboss mjhe apni private rand bna mr chodo gali ke sathmarla sokoloff nudepooja gandhi fuckamy brenneman nudeजमाई से लिपस्टिक लगाकर छुड़ायाnude pia zadoramaa bani randiaahhhh uuhhh uumm aahhhsexstoris.netcharlize theron's pussysusan coffey nudesteffi graf pussySwimming pool me maa ki chudai incestdaniela ruah fakesmarcy rylan nudemmamy or dadaji ke chudai dakhsreaya sexanne margaret toplesswww.africa ghana xxxxxc mapouka hard core pussy creamy and dancexxx big mom lag upar hd videosangeetha nudemadarchod batichod gandi galiyo wali actars ki kahanicelin dion nudemercedes mcnab sexoriya sex story commaa beta ko chut lund ka path padhaya hindi.comBollywood actress upskert pantyaj dakhna muja love karka video sex downloadmichaele salahi nudemaa beta ko chut lund ka path padhaya hindi.comjara hut ke porn videoszabardasti chudai ka maza mommy ka sathmaxine bahns nudegiglianne braga nudebeti ko randi or kuttiyan bnayadamaris lewis nudexxx sex khane kuwari neshu teacherkara unger nudeshweta tiwari ki chudaifabiana udenio topless